Trump-Zelenskyy Conflict / ट्रंप संग बैठक में जेलेंस्की को वो बात जो दिल पर लग गई! चौपट हुआ प्लान

यूक्रेन और रूस का युद्ध तीन वर्ष चला। चुनाव में ट्रंप ने 100 दिनों में युद्ध समाप्त करने का वादा किया। हाल में ट्रंप-ज़ेलेंस्की बैठक वेंस की टिप्पणी से विवाद में बदल गई। जेलेंस्की ने 2019 की कूटनीति विफलता याद कराई। खनिज डील से ट्रंप का प्लान कमजोर प्रतीत होता।

Trump-Zelenskyy Conflict: यूक्रेन और रूस के बीच चल रहे युद्ध को तीन साल पूरे हो चुके हैं। यह संघर्ष वैश्विक राजनीति में एक अहम मुद्दा बन चुका है, जिसमें अमेरिका भी एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सत्ता में आने से पहले वादा किया था कि वह अपने कार्यकाल के पहले 100 दिनों के भीतर इस युद्ध को समाप्त कर देंगे। लेकिन हाल ही में हुई घटनाओं ने इस लक्ष्य को मुश्किल बना दिया है।

ट्रंप की कूटनीति पर सवाल

ट्रंप प्रशासन ने युद्धविराम के लिए एक मजबूत रणनीति बनाई थी, जिसमें अमेरिका और यूक्रेन के बीच खनिज व्यापार को भी शामिल किया गया था। अमेरिका ने हथियारों के बदले यूक्रेन से 500 मिलियन डॉलर मूल्य के खनिज लेने की योजना बनाई थी।

हालांकि, यह योजना तब विफल होती दिखी जब अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने एक विवादास्पद टिप्पणी कर दी। बातचीत के दौरान उन्होंने यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की पर कूटनीति करने का आरोप लगाया, जिससे माहौल गर्म हो गया।

अमेरिका-यूक्रेन बैठक में विवाद

ट्रंप और जेलेंस्की के बीच चर्चा सकारात्मक दिशा में बढ़ रही थी, लेकिन वेंस की टिप्पणी से माहौल बिगड़ गया। जेलेंस्की ने अमेरिका को 2019 की घटनाओं की याद दिलाते हुए कहा कि जब रूस ने बड़े पैमाने पर आक्रामकता दिखाई थी, तब किसी ने कूटनीति का सहारा क्यों नहीं लिया। उन्होंने अमेरिका पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाया।

वेंस ने इसका जवाब देते हुए कहा कि अमेरिका की कूटनीति यूक्रेन के विनाश को रोकने के लिए थी, लेकिन जेलेंस्की अमेरिकी मीडिया में इसे मुद्दा बना रहे हैं। इस बहस के बाद ट्रंप भी जेलेंस्की के खिलाफ आक्रामक हो गए।

खनिज डील पर खतरा

इस विवाद के कारण अमेरिका और यूक्रेन के बीच खनिज व्यापार समझौते पर भी संकट मंडराने लगा है। इस सौदे के तहत अमेरिका को यूक्रेन से बहुमूल्य खनिज मिलने थे, जो उसकी रक्षा और तकनीकी आवश्यकताओं के लिए आवश्यक थे।

जेलेंस्की के तीखे तेवर

जेलेंस्की ने इस मुद्दे पर माफी मांगने से इनकार कर दिया है। उनका कहना है कि उन्होंने कुछ भी गलत नहीं कहा और यह टकराव दोनों देशों के लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है। ट्रंप ने इस घटना के बाद मीडिया से कहा कि जेलेंस्की शांति नहीं चाहते, जबकि वह केवल उन्हीं से बातचीत करेंगे जो खूनखराबा समाप्त करने को तैयार हों।

युद्ध का भविष्य

तीन साल से जारी इस युद्ध में हजारों लोगों की जान जा चुकी है, और अब यह एक निर्णायक मोड़ पर आ चुका है। ट्रंप ने चुनावी अभियान के दौरान इस युद्ध को जल्द खत्म करने का वादा किया था, लेकिन ताजा घटनाओं को देखते हुए यह लक्ष्य अब और भी कठिन हो गया है।